बाबू लाल शर्मा संवाददाता
म्योरपुर(सोनभद्र)। जल जीवन मिशन के तहत बीजपुर परियोजना में कार्यरत कर्मचारियों ने एजेंसी पर शोषण के गंभीर आरोप लगाए हैं। श्रमिकों का कहना है कि जीवीपीआर एजेंसी द्वारा उनसे लगातार 12 घंटे तक काम कराया जा रहा है और महीने के 30 दिन ड्यूटी ली जाती है, जबकि इसके बदले मात्र 7500 से 12000 रुपये तक का भुगतान किया जा रहा है। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि श्रम नियमों का पालन नहीं किया जा रहा और उनके मानदेय में भी कटौती की जा रही है, जिससे वे आर्थिक रूप से परेशान हैं।
• पीएफ और सुरक्षा सुविधाओं से वंचित, काम बहिष्कार की चेतावनी
कर्मचारियों ने यह भी आरोप लगाया कि उन्हें पीएफ सहित किसी प्रकार की सामाजिक सुरक्षा का लाभ नहीं दिया जा रहा है। लंबे समय से चल रही इन समस्याओं को लेकर कर्मचारियों ने ब्लॉक प्रमुख को पत्र सौंपकर हस्तक्षेप की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया तो 26 मार्च 2026 से अनिश्चितकालीन कार्य बहिष्कार कर साइट बंद कर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।